"अगर आपको यह पसंद नही है, तो इसे अनदेखा करे: SC ने COVID टूलकिट के लिए कांग्रेस के खिलाफ याचिका पर विचार करने से इनकार किया

एनआईए जांच की मांग के अलावा याचिका में अदालत से चुनाव आयोग को निर्देश देने की मांग की गई है कि अगर कांग्रेस पार्टी के खिलाफ आरोप सही पाए जाते हैं तो उसका पंजीकरण रद्द कर दिया जाए।
"अगर आपको यह पसंद नही है, तो इसे अनदेखा करे: SC ने COVID टूलकिट के लिए कांग्रेस के खिलाफ याचिका पर विचार करने से इनकार किया

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को भारतीय जनता पार्टी के इस आरोप की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) से जांच कराने की मांग वाली याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने देश की छवि खराब करने के लिए एक टूलकिट बनाया है। (शशांक शेखर झा बनाम भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस)।

याचिकाकर्ता, अधिवक्ता शशांक शेखर झा ने प्रार्थना की कि कथित टूलकिट की जांच धारा 120-बी (आपराधिक साजिश) और भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की विभिन्न अन्य धाराओं और गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम की धारा 13 के तहत किसी भी अपराध का खुलासा करने और उक्त टूलकिट की हिरासत को सुरक्षित करने के लिए की जानी चाहिए।

कोर्ट ने हालांकि स्पष्ट किया कि इस तरह के उपकरण राजनीतिक प्रचार का हिस्सा हैं और अगर याचिकाकर्ता को यह पसंद नहीं है तो वह इसे नजरअंदाज कर सकते हैं।

न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ ने कहा, "श्री झा यदि आपको टूलकिट पसंद नहीं है तो टूलकिट को अनदेखा करें। यह राजनीतिक प्रचार का एक हिस्सा है यदि आप इसे पसंद नहीं करते हैं तो इसे अनदेखा करें।"

झा ने हालांकि कहा कि कथित टूलकिट सांप्रदायिक है।

उन्होने कहा, "भारतीय तनाव या हिंदुओं का सांप्रदायिकरण जैसा शब्द। सिंगापुर ने भी सिंगापुर स्ट्रेन जैसे शब्दों पर प्रतिबंध लगा दिया है।

हालांकि, जस्टिस चंद्रचूड़ ने यह कहते हुए जवाब दिया कि भारत एक लोकतंत्र है।

कोर्ट ने स्पष्ट किया, "भारत एक लोकतंत्र है जिसे आप जानते हैं। हम अनुच्छेद 32 के तहत निर्देश क्यों जारी करें। हम इस पर विचार नहीं करेंगे।"

इसके बाद याचिकाकर्ता याचिका वापस लेने के लिए आगे बढ़ा।

याचिका में अदालत से चुनाव आयोग को कांग्रेस पार्टी के खिलाफ आरोप सही पाए जाने पर उसका पंजीकरण रद्द करने का निर्देश देने की भी मांग की गई है।

याचिका में यह भी कहा गया है कि केंद्र सरकार को प्रत्येक राजनीतिक दल, समूह और व्यक्ति को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने के लिए निर्देश जारी किए जाने चाहिए ताकि देश विरोधी रुख दिखाने वाले सभी प्रकार के होर्डिंग्स को रोका जा सके।

कांग्रेस पार्टी ने पहले विवादास्पद टूलकिट बनाने से इनकार किया था और भाजपा पर 'फर्जी टूलकिट' बनाने का आरोप लगाया था।

भाजपा नेताओं ने एक दस्तावेज ट्वीट कर आरोप लगाया था कि यह कांग्रेस पार्टी द्वारा देश और नरेंद्र मोदी की छवि खराब करने के लिए बनाया गया टूलकिट है।

कांग्रेस पार्टी ने कहा कि उसकी रिसर्च विंग ने सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट पर एक टूलकिट बनाया है जिसका बीजेपी गलत तरीके से प्रचार के लिए इस्तेमाल कर रही है।

छत्तीसगढ़ में भाजपा नेता रमन सिंह और संबित पात्रा के खिलाफ भी एक कांग्रेस नेता की शिकायत पर झूठी सूचना फैलाने का मामला दर्ज किया गया था।

और अधिक पढ़ने के लिए नीचे दिये गए लिंक पर क्लिक करें


"If you don't like it, ignore it; India a democracy:" Supreme Court refuses to entertain plea against Congress party for alleged COVID-19 toolkit

Related Stories

No stories found.